
मुंबई। शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे ने अन्ना हजारे पर वार करते हुए कहा कि राजनीतिज्ञों पर निशाना साधना टीम अन्ना का एकमात्र लक्ष्य था। उन्होंने कहा कि अन्ना अब अपने घर लौट आए हैं, वे हिसाब करें कि किसका कितना फायदा और किसका कितना नुकसान हुआ है। अन्ना का सीधा लक्ष्य नेताओं को गाली देना था। पार्टी के मुख्यपत्र सामना में छपे एक लेख में ठाकरे ने कहा कि टीम अन्ना के सदस्य देश को मूर्ख बनाने में कामयाब रहे है।
टीम अन्ना को भंग किये जाने पर उन्होंने कहा कि अभी गणेश जी के आगमन में एक माह से ज्यादा का समय है अन्ना ने टीम का अभी से विसर्जन कर दिया है। उन्होंने कहा कि जो काम अन्ना ने अब किया है उसको बहुत पहले ही कर देना चाहिए था। उन्होंने कहा कि भ्रष्टाचार के खिलाफ अन्ना का जो आंदोलन था वह आंदोलन नहीं महज केवल एक दिखावा था।
अन्ना की पूरी टीम शुरूआत से ही जनता को मूर्ख बनाती चली आ रही है। शुरूआत में जनता टीम अन्ना सहित अन्ना हजारे को पहचान नहीं पायी लेकिन जब बाद में जनता के समझ में आया तो, टीम अन्ना का आंदोलन कमजोर पड़ गया। अगर हम भ्रष्टाचार के मसले को छोड़ दे तो टीम अन्ना देशवासियों को लिए बर्बर साबित हुई है।
अब जब टीम अन्ना भंग हो गयी है, तो जनता को जरूर इस ड्रामे से मुक्ति मिलेगी। उन्होंने कहा कि टीम अन्ना के कारण देश का संवैधानिक ढ़ाचा कमजोर पड़ता जा रहा था। टीम अन्ना के आंदोलन से ना तो मजबूत लोकपाल का गठन हुआ, और ना ही भ्रष्टाचार में कोई अंतर आया।


















