नई दिल्ली। अन्ना के आंदोलन को नया मोड़ देने के लिये 24 जुलाई से अनशन पर बैठने जा रहे अरविंद केजरीवाल ने अभी से सरकार के खिलाफ जहर उगलना शुरू कर दिया है। एक टीवी चैनल से बातचीत में केजरीवाल ने मंगलवार को कहा कि केंद्र सरकार दिन पर दिन जनता के सामने नंगी होती जा रही है।
केजरीवाल ने आंदोलन के बारे में कहा कि कल से शुरू हो रहा अनशन अन्ना हजारे के दिशा-निर्देशन में होगा। वही आंदोलन को आगे बढ़ायेंगे, टीम के बाकी के लोग अनशन पर बैठेंगे। केजरीवाल ने कहा कि अब समय आ गया है बलिदान देने का। 25 जुलाई को हम बलिदान देने के लिये जंतर-मंतर पर पहुंच जायेंगे। जनता आये या नहीं, हमें इसकी परवाह नहीं। हम इतना जानते हैं कि हम कोई नेता नहीं, जो जनता को ट्रक भेज कर मंगवायें।
25 जुलाई से केजरीवाल, मनीष सिशोधिया और गोपाल रॉय अनशन पर बैठने जा रहे हैं।
लोकपाल होता तो प्रणब नहीं बन पाते राष्ट्रपति
केजरीवाल ने कहा कि सरकार चाहती ही नहीं है कि लोकपाल बिल पास हो। जिस संविधान को हमारी जिंदगी प्रोटेक्ट करने के लिये बनाया था, आज उसी संविधान का इस्तेमाल नेताओं को बचाने के लिये किया जा रहा है। 62 सांसदों पर हत्या, लूटपाट के आरोप हैं। कैबिनेट के 34 में से 15 मंत्री भ्रष्टाचार में डूबे हुए हैं। अगर लोकपाल बिल आ गया होता तो ये सभी जेल के अंदर होते। यही नहीं प्रणब मुखर्जी राष्ट्रपति भी नहीं बन पाते।
केजरीवाल ने कहा कि इन नेताओं को सैलरी बढ़ानी होती है तो 15 मिनट में बिल पास हो जाता है, लोकपाल बिल इतने साल से लटका हुआ है, इन्हें फिक्र नहीं है। केजरीवाल ने कहा कि जनता सब देख रही है। दिन पर दिन सरकार उसके सामने नंगी होती जा रही है। एक दिन जरूर आयेगा, जब जनता इन नेताओं को उखाड़ फेकेगी।



















