
चंडीगढ़। हरियाणा की राजधानी चंडीगढ़ में एक ऐसा मामला सामने आया है जिसे सुनकर हर किसी के होश उड़ गए। यहां एक कोठी में बुजुर्ग पिता की मौत के बाद गमजदा बेटी ने एक माह तक शव को अपने पास रखा और उसके पास बैठी रही।
हैरान करने वाली बात यह रही कि एक महीने से बिना कुछ खाए-पीए बेटी सिसक-सिसक कर रोती रही, लेकिन न तो किसी ने उसकी सिसकियां सुनी और न ही किसी को बुजुर्ग की मौत की भनक लगी। तेज गंध के कारण जब आस पास के घरों तक बदबू फैली तो पड़ोसियों को घर में कुछ अजीब सा लगा। जिस पर पुलिस को सूचित किया गया।
जब पुलिस मौके पर पहुंची तो शव पूरी तरह सड़ कर कंकाल का रूप ले चुका है और तेज गंध आ रही थी जिससे आस-पड़ौस में काफी दुर्गंध फैल गई थी। इस तरह पुलिस के आने पर एक माह बाद बाप-बेटी के इस अटूट रिश्तों की सच्चाई से पर्दा उठा।
यह मामला है सेक्टर-23 स्थित मकान नंबर-3425 का। दरअसल, 50 वर्षीय बेटी परमजीत मानसिक रूप से विक्षिप्त है। उसके 85 वर्षीय पिता हरबंस पंजाब में एक्सईएन के पद कार्यरत थे। सेवानिवृत्ति के बाद घर में उनके अलावा बेटी परमजीत रहा करती थी। दोनों का गुजर-बसर हरबंस को मिलने वाली पेंशन से चला करता था।


















