लखनऊ। 10 जिलों में हो रहे विधानसभा चुनाव में जिस तरह लोगों की जागरुकता देखने को मिल रही है उससे जाहिर है कि अब जनता सूबे में एक परिवर्तन को तैयार है। मगर आज मतदान के दौरान जो दिक्कतें सामने आई उसने यह साफ कर दिया कि परिवर्तन में सबसे बड़ी रुकावट विकास ही है। क्योंकि जिन जिलों में आज मतदान हो रहा है अगर वहां विकास हुआ होता तो शायद मतदाताओं को परेशानी नहीं होती।
आपको बताते चलें कि मंगलवार की रात से पूरे प्रदेश में भारी बारिश हो रही है। बुधवार की सुबह भी बारिश ने पूरे प्रदेश को अपनी आगोश में ही रखा। 10 जिलों में बात सिर्फ गोंडा की करें तो वहां आलम ही कुछ अलग था। वहां के एक प्राइमरी स्कूल में मतदान केंद्र बनाया गया था। स्कूल के बाहर घुटने से उपर तक पानी भरा हुआ था।
व्यवस्थापकों ने स्कूल के डेस्क का पुल बनाया था जिसके सहारे मतदाता वोट डालने जा रहे थे। अब यह सवाल उठता है कि अगर उन इलाकों में विकास कराया गया होता तो मतदाताओं को परेशानी नहीं होती। मालूम हो कि उत्तर प्रदेश की 16वीं विधानसभा के लिए चुनाव के पहले चरण का मतदान कड़ी सुरक्षा के बीच आज सुबह सात बजे शुरू हो गया था। कई इलाकों में बीती रात से हो रही बारिश सुबह तक जारी रही, जिससे मतदान धीमा रहा और पहले दो घंटे में कुल 5.17 प्रतिशत वोट ही पड़ पाये।



















