
श्रीनगर। जम्मू एवं कश्मीर की ग्रीष्मकालीन राजधानी श्रीनगर के लाल चौक इलाके में स्थित होटल पंजाब में आतंकवादियों के साथ चल रही मुठभेड़ 22 घंटे के मिलीटरी ऑपरेशन के बाद बुधवार दोपहर खत्म हो गई। इस मुठभेड़ में जमीअत-उल-मुजाहिद्दीन के दो आतंकी मारे गए, जबकि दो जवान शहीद हो गए।
लाल चौक इलाके के एक होटल में मंगलवार की शाम से पाकिस्तानी आतंकी संगठन जमीअत-उल-मुजाहिद्दीन के दो आतंकवादी कब्जा जमाए हुए थे। इससे पहले इन आतंकियों ने लाल चौक पर सीआरपीएफ के जवानों पर अंधा-धुंध फायरिंग भी की थी। पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जावन होटल को पहले से ही घेर लिया था।
सीआरपीएफ के डीआईजी कुलदीप खुदा ने कहा कि दोनों आतंकी मार दिए गए हैं। मुठभेड़ खत्म होने के बाद से सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है, ताकि यह पक्का किया जा सके कि अब वहां कोई आतंकी मौजूद नहीं है। डीआईजी के मुताबिक मारे गए आतंकियों में एक पाकिस्तानी और एक स्थानीय नागरिक था। इस वारदात की जिम्मेदारी भले ही जमीअत उल मुजाहिद्दीन ने ली है, लेकिन पुलिस ने इसके पीछे लश्कर-ए-तैयबा का हाथ होने की संभावना व्यक्त की है।
लाल चौक इलाके के एक होटल में मंगलवार की शाम से पाकिस्तानी आतंकी संगठन जमीअत-उल-मुजाहिद्दीन के दो आतंकवादी कब्जा जमाए हुए थे। इससे पहले इन आतंकियों ने लाल चौक पर सीआरपीएफ के जवानों पर अंधा-धुंध फायरिंग भी की थी। पुलिस और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के जावन होटल को पहले से ही घेर लिया था।
सीआरपीएफ के डीआईजी कुलदीप खुदा ने कहा कि दोनों आतंकी मार दिए गए हैं। मुठभेड़ खत्म होने के बाद से सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया गया है, ताकि यह पक्का किया जा सके कि अब वहां कोई आतंकी मौजूद नहीं है। डीआईजी के मुताबिक मारे गए आतंकियों में एक पाकिस्तानी और एक स्थानीय नागरिक था। इस वारदात की जिम्मेदारी भले ही जमीअत उल मुजाहिद्दीन ने ली है, लेकिन पुलिस ने इसके पीछे लश्कर-ए-तैयबा का हाथ होने की संभावना व्यक्त की है।













